तीसरे चरण के ट्रायल में कॉवेक्सिन कोरोना वायरस के खिलाफ 78% कारगर।

तीसरे चरण के ट्रायल में कॉवेक्सिन कोरोना वायरस के खिलाफ 78% कारगर।

भारत बायोटेक ओर आई 2 सी एम आर ने बताया, तीसरे चरण के ट्रायल में कॉवेक्सिन कोरोना वायरस के खिलाफ 78% कारगर।

भारत बायोटेक और आईसीएमआर ने कहा है कि,"कोवाक्सिन प्रभावी रूप से डबल म्यूटेशन वाले वायरस को बेअसर करता है। यह टीका 78% की समग्र अंतरिम क्लिनिकल प्रभाव और कोविड-19 बीमारी के खिलाफ 100% प्रभाव दर्शाता है"।

 आईसीएमआर ने ट्वीट किया, "आईसीएमआर का अध्ययन दिखाता है कि कोवैक्सीन कोरोना के विभिन्न प्रकारों को निष्प्रभावी करता है और दो बार म्यूटेट किस्मों के खिलाफ भी प्रभावी रूप से काम करता है। वायरस दो बार म्यूटेट कर चुके बी.1.617 सार्स-सीओवी-2 प्रकार को भी बढाने में कामयाब रहा है। वायरस का यह प्रकार भारत के कुछ क्षेत्रों और कई अन्य देशों में पाया गया है।कोवैक्सीन, वायरस के इस प्रकार को भी निष्प्रभावी करने में सफल रही है"।

इस पर जानकारी देते हुए स्वास्थ्य अनुसंधान के हेड ने कहा कि,"आईसीएमआर-एनआईवी ने ब्रिटेन के प्रकार और ब्राजील के प्रकार को बेअसर करने की कोवैक्सीन के सामर्थ्य को प्रदर्शित किया"।

भारत में मंगलवार को 2.94 लाख ताजा कोविड-19 संक्रमण मामलों की संख्या दर्ज की गई है, जो किसी भी देश द्वारा दर्ज किया गया दूसरा सबसे बड़ा कोरोना संक्रमण का आंकड़ा है।  यहां तक ​​कि एक दिन के मरने वालो की संख्या में आंकड़ो ने पहली बार 2,000 को पार किया।

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने जानकारी दी कि, "देश में 92 दिन में टीके की 12 करोड़ खुराक लगाई गई है। कुल 12,26,22,590 खुराक लगाई गईं. लाभार्थियों में स्वास्थ्य क्षेत्र के 91,28,146 कर्मी शामिल हैं जिन्हें टीके की पहली खुराक दी गई और 57,08,223 वे स्वास्थ्यकर्मी शामिल हैं जिन्हें दूसरी खुराक दी गई"।

आईसीएमआर में महामारी विज्ञान और संचारी रोग के प्रमुख डॉ समीरन पांडा ने बताया कि,"जल्द ही कोवैक्सीन का उत्पादन भी बढ़ाया जाएगा"।

भारत बायोटेक ने मंगलवार को इस पर जानकारी देते हुए कहा था कि,"क्षमता विस्तार को बेंगलुरु और हैदराबाद के कई केंद्रों में लागू कर दिया गया है ताकि हर साल 70 करोड़ टीकों की खुराक तैयार की जा सके"।

Related Stories

No stories found.
हिंदुस्तान रीड्स
www.hindustanreads.com